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घास लेने गई महिला का पैर फिसलने के बाद उफनते गदेरे में बही ,रेस्क्यू टीम ने किया शव बरामद

रुद्रप्रयाग। लगातार हो रही बारिश के कारण जनपद के गदेरे और बरसाती नाले उफान पर हैं।  रविवार सुबह जिले के बसुकेदार क्षेत्र से  ग्राम स्वारा के नामी तोक में घास काटने गई एक महिला के उफनते गदेरे में बह जाने से उसकी मौत हो गयी। प्रशासन ने तत्काल बड़े स्तर पर खोज एवं बचाव अभियान शुरू किया। इसके करीब डेढ़ घंटे बाद बचाव दल ने महिला का शव बरामद किया। इस घटना के बाद से पूरे इलाकों में शोक की लहर है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार रविवार सुबह 11.32 बजे ग्राम प्रधान सेमकोटी ने जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र रुद्रप्रयाग को सूचना दी कि ग्राम स्वारा के तिमली क्षेत्र से आगे घास लेने गई एक महिला अचानक गदेरे के तेज बहाव की चपेट में आ गई और देखते ही देखते बह गई।
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि, सूचना मिलते ही जिला प्रशासन हरकत में आया। जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र के निर्देश पर जल पुलिस, स्टेट डिजास्टर रिस्पांस फोर्स , डिस्ट्रिक्ट डिजास्टर रिस्पांस फोर्स  बसुकेदार की टीमों को तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। बचाव दल द्वारा गदेरे और आसपास के संवेदनशील क्षेत्रों में युद्धस्तर पर सर्च ऑपरेशन चलाया गया। करीब डेढ़ घंटे तक चले खोज एवं बचाव अभियान के बाद महिला का शव घटना स्थल से कुछ दूरी पर बरामद किया गया। महिला की पहचान 38 वर्षीय विनीता देवी पत्नी हिम्मत सिंह नेगी, निवासी ग्राम कोटी के रूप में हुई है।
घटना के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत और चिंता का माहौल है। जबकि मृतका के परिजनों में कोहराम मच गया, जबकि पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है।
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एसी फटने से शराब की दुकान में लगी भीषण आग


रामनगर। रविवार सुबह नेशनल हाईवे-309 पर स्थित एक विदेशी शराब की दुकान में अचानक भीषण आग लग गई। प्रारंभिक जांच में आग लगने की वजह दुकान में लगा एयर कंडीशनर फटना बताई जा रही है। गनीमत रही कि घटना के समय मौजूद कर्मचारियों ने समय रहते बाहर निकलकर अपनी जान बचा ली। तुरंत फायर ब्रिगेड को सूचना दी। सूचना मिलते ही फायर टीम मौके पर पहुंची। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया।
रविवार सुबह रामनगर-काशीपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-309 पर रिलायंस पेट्रोल पंप के समीप स्थित लीगर किला नाम की विदेशी शराब की दुकान में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने दुकान के अंदर तेजी से फैलना शुरू कर दिया। जिससे मौके पर मौजूद कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। कर्मचारियों ने बिना समय गंवाए दुकान से बाहर निकलकर अपनी जान बचाई। तुरंत दुकान स्वामी व फायर ब्रिगेड को घटना की सूचना दी। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। आग की गंभीरता को देखते हुए फायर कर्मियों ने तेजी से मोर्चा संभाला और काफी देर तक चले रेस्क्यू व बुझाने के अभियान के बाद आग पर पूरी तरह काबू पा लिया। समय रहते आग पर नियंत्रण पा लेने से आग आसपास के क्षेत्रों और अन्य प्रतिष्ठानों तक नहीं फैल सकी. जिससे बड़ा हादसा टल गया।
फायर विभाग के अनुसार प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण दुकान में लगा एयर कंडीशनर फटना माना जा रहा है, हालांकि विभाग सभी पहलुओं की जांच कर रहा है। वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच की जा रही है।
फायर कर्मी भूपेंद्र मेहता ने बताया यदि टीम समय पर मौके पर नहीं पहुंचती तो आग और भी विकराल रूप ले सकती थी। उन्होंने कहा फिलहाल आग से हुए नुकसान का आकलन नहीं किया गया है। दुकान स्वामी से जानकारी मिलने के बाद ही नुकसान की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। आग पर काबू पाने के बाद दुकान के कर्मचारियों और आसपास मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली। घटना के बाद क्षेत्र में कुछ देर तक लोगों की भीड़ जुटी रही, जबकि फायर विभाग पूरे मामले की जांच में जुटा हुआ है।
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झड़ीपानी में होटल समेत कई भवनों को बेदखली का नोटिस
देहरादून। मसूरी के झड़ीपानी क्षेत्र में रेलवे की भूमि पर बने होटलों और अन्य भवनों पर अब बेदखली की तलवार लटक गई है। उत्तर रेलवे मुरादाबाद मंडल ने सार्वजनिक परिसर (अनधिकृत कब्जाधारियों की बेदखली) अधिनियम 1971 के तहत कई संपत्तियों को कारण बताओ नोटिस जारी कर 7 दिनों के भीतर जवाब मांगा है। माना जा रहा है कि नैनीताल हाईकोर्ट के निर्देशों के बाद रेलवे प्रशासन अब अपनी जमीन पर सालों से चले आ रहे कथित अतिक्रमणों के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई के मूड में है।
रेलवे के संपदा अधिकारी की ओर से जारी नोटिस में कहा गया है कि संबंधित भवन और होटल साल 2011 से रेलवे की भूमि पर कथित रूप से अनधिकृत कब्जे में हैं। ऐसे में अधिनियम की धारा 4 के तहत संबंधित पक्षों से पूछा गया है कि उनके खिलाफ बेदखली का आदेश क्यों न पारित किया जाए। नोटिस में साफ चेतावनी दी गई है कि यदि 7 दिनों के भीतर संतोषजनक जवाब और आवश्यक दस्तावेज पेश नहीं किए गए, तो मामले में एकपक्षीय कार्रवाई करते हुए बेदखली का आदेश जारी किया जा सकता है। इस पूरी कार्रवाई की सबसे अहम कड़ी नैनीताल हाईकोर्ट में लंबित वाद संख्या 2992/2023 है। बीती 16 जून 2026 को हाईकोर्ट की ओर से दिए गए निर्देशों के अनुपालन में रेलवे ने अपनी संपत्तियों का रिकॉर्ड खंगालना शुरू किया है और जहां भी कथित अतिक्रमण सामने आ रहे हैं, वहां कानूनी प्रक्रिया के तहत नोटिस जारी किए जा रहे हैं। झड़ीपानी क्षेत्र में जारी इस कार्रवाई से होटल व्यवसायियों और भवन स्वामियों में हलचल मच गई है। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि सार्वजनिक संपत्ति की सुरक्षा उनकी कानूनी जिम्मेदारी है। यदि कोई व्यक्ति या संस्था बिना वैध अनुमति रेलवे की भूमि का उपयोग कर रही है, तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई करना आवश्यक है। अधिकारियों के मुताबिक, किसी भी कब्जाधारी को पहले अपना पक्ष रखने का पूरा अवसर दिया जाता है और उसके बाद ही अंतिम निर्णय लिया जाता है। कानूनी विशेषज्ञों का भी मानना है कि सार्वजनिक परिसर (अनधिकृत कब्जाधारियों की बेदखली) अधिनियम 1971 के तहत जारी नोटिस अंतिम आदेश नहीं होता, बल्कि यह संबंधित पक्ष को अपना पक्ष रखने का अवसर प्रदान करता है। यदि कब्जाधारी वैध दस्तावेज या कानूनी अधिकार साबित नहीं कर पाते हैं, तो संपदा अधिकारी बेदखली का आदेश पारित कर सकते हैं।
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क्लीन एंड ग्रीन एनवायरनमेंट समिति ने वृक्षारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया
देहरादून। क्लीन एंड ग्रीन एनवायरनमेंट समिति द्वारा इस मानसून सत्र का चैथा वृक्षारोपण अभियान सेलाकुई के जमनपुर मे संपन्न कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। अभियान के दौरान छायादार, फलदार एवं फूलो के वृक्षों का रोपण कर पर्यावरण संरक्षण एवं हरित विकास का संदेश दिया गया। समिति के अध्यक्ष राम कपूर ने कहा कि बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन की चुनौती से निपटने के लिए अधिक से अधिक वृक्ष लगाना समय की आवश्यकता है। उन्होंने सभी नागरिकों से पौधे लगाने के साथ-साथ उनकी नियमित देखभाल करने का भी आग्रह किया।
इस अवसर पर समिति के सदस्यों एवं स्थानीय नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और भविष्य में भी ऐसे अभियान निरंतर चलाने का संकल्प लिया।
इस वृक्षारोपण कार्यक्रम में समिति ने सहसपुर के कांग्रेस के वरिष्ठ नेता आर्यद्र शर्मा को मुख्य अतिथि हेतु आमंत्रित किया। शर्मा ने समिति के सदस्यों के साथ मिलकर वृक्ष लगाएं और समिति को उनके लगातार वृक्षारोपण अभियानों को किए जाने की अत्यधिक प्रशंसा की।
जमनपुर के पार्षद अरशद अली द्वारा वृक्षारोपण में पूर्ण सहयोग किया गया। उनके द्वारा ग्राम समाज की भूमि को पूरा साफ करवा कर पेड़ लगाने के लिए गड्ढे बनवाए गए। वृक्षारोपण अभियान में जमनपुर गांव के निवासियों द्वारा एक-एक पेड़ लगाकर अपना सहयोग दिया गया और सभी ने लगाए गए वृक्षों की रक्षा करने का संकल्प लिया।
इस वृक्षारोपण अभियान में समिति के अध्यक्ष एवं संस्थापक राम कपूर, सचिव जेपी किमोठी, कोषाध्यक्ष शंभू शुक्ला, संयोजक नितिन कुमार, दीपक वासुदेव, अमरनाथ कुमार, राजेश बाली, दून टीवीएस एजेंसी प्रेम नगर के मालिक राजेश भाटिया, कुलजिन्दर सिंह, नमित चैधरी, संतन रावत, गौरव सोनकर, मंजुला रावत, पियूष निगम, जीवन झा, मनोज श्रीवास्तव, छोटे बच्चों मे ह्रदय, सार्थक, प्रखर इत्यादि सदस्य उपस्थित रहे।
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मुख्यमंत्री धामी से स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल एवं विधायक किशोर उपाध्याय ने की भेंट

टिहरी में मेडिकल कॉलेज की स्थापना को लेकर हुई विस्तृत चर्चादेहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से रविवार को मुख्यमंत्री आवास पर स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री सुबोध उनियाल तथा टिहरी विधानसभा क्षेत्र के विधायक किशोर उपाध्याय ने शिष्टाचार भेंट की।
भेंट के दौरान टिहरी जनपद में मेडिकल कॉलेज की स्थापना से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर विस्तृत एवं सार्थक चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने कहा कि टिहरी जैसे महत्वपूर्ण एवं भौगोलिक दृष्टि से संवेदनशील जनपद में उच्च स्तरीय चिकित्सा शिक्षा संस्थान की स्थापना न केवल स्थानीय जनता के लिए गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करेगी, बल्कि पूरे गढ़वाल मंडल के स्वास्थ्य ढांचे को भी नई मजबूती प्रदान करेगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जनभावनाओं एवं क्षेत्रीय आवश्यकताओं के अनुरूप इस दिशा में सकारात्मक एवं ठोस कदम आगे बढ़ाएगी।
मुख्यमंत्री  धामी ने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार एवं आधुनिकीकरण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। सरकार का उद्देश्य है कि राज्य के दूरस्थ, पर्वतीय एवं सीमांत क्षेत्रों तक भी विशेषज्ञ चिकित्सकीय सेवाएं, आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं तथा गुणवत्तापूर्ण उपचार व्यवस्था प्रभावी रूप से पहुंच सके। इसके लिए चिकित्सा अवसंरचना के विकास, मेडिकल एवं नर्सिंग शिक्षा के विस्तार, चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा आधुनिक उपकरणों से सुसज्जित स्वास्थ्य संस्थानों के निर्माण की दिशा में निरंतर कार्य किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तराखंड में स्वास्थ्य क्षेत्र में अभूतपूर्व परिवर्तन देखने को मिले हैं। आयुष्मान भारत योजना, हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर, टेलीमेडिसिन सेवाओं का विस्तार तथा मेडिकल शिक्षा संस्थानों की संख्या में वृद्धि जैसे अनेक प्रयासों से आम नागरिकों को बेहतर और सुलभ चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध हो रही हैं। राज्य सरकार इन प्रयासों को और अधिक गति प्रदान करते हुए प्रत्येक नागरिक तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधा पहुंचाने के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध है।
स्वास्थ्य मंत्री  सुबोध उनियाल ने मुख्यमंत्री को टिहरी जनपद की स्वास्थ्य आवश्यकताओं, चिकित्सा शिक्षा के विस्तार तथा मेडिकल कॉलेज स्थापना से संबंधित प्रस्तावों एवं संभावनाओं की जानकारी दी। विधायक  किशोर उपाध्याय ने भी टिहरी क्षेत्र की जनभावनाओं से मुख्यमंत्री को अवगत कराते हुए मेडिकल कॉलेज की स्थापना को क्षेत्र की दीर्घकालिक आवश्यकता बताया।
मुख्यमंत्री ने दोनों जनप्रतिनिधियों द्वारा प्रस्तुत सुझावों एवं प्रस्तावों पर सकारात्मक विचार का आश्वासन देते हुए कहा कि प्रदेश के स्वास्थ्य तंत्र को और अधिक मजबूत, आधुनिक एवं जनोन्मुख बनाने के लिए सरकार निरंतर प्रयासरत है तथा इस दिशा में आवश्यक सभी कदम प्राथमिकता के आधार पर उठाए जाएंगे।
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‘जन जन की सरकार-जन जन के द्वार’ कार्यक्रम के दूसरे चरण में 1.34 लाख लोगों की भागीदारी

पहले और दूसरे चरण को मिलाकर अब तक साढ़े छह लाख के पार पहुंची जनभागीदारी

देहरादून। जन समस्या निराकरण और आम आदमी तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए चलाए जा रहे ‘जन जन की सरकार-जन जन के द्वार’ कार्यक्रम के दूसरे चरण में अब तक 1.34 लाख से अधिक लोगों ने भागीदारी हो चुकी है। इसी के साथ अभियान के प्रथम और दूसरे चरण को मिलाकर, कुल जनभागीदारी साढ़े 6 लाख के पार पहुंच गई है।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर प्रदेशभर में ‘जन जन की सरकार-जन जन के द्वार’ अभियान संचालित किया जा रहा है। इस विशेष अभियान के तहत लोगों को जहां जन समस्याओं का त्वरित समाधान मिल रहा है, वहीं समाज कल्याण पेंशन, आयुष्मान कार्ड, चिकित्सा उपकरण, कृषि उपकरणों सहित अन्य सेवाएं भी निशुल्क प्रदान की जा रही हैं। अभियान के तहत जिला, ब्लॉक और तहसील स्तर पर विशेष शिविरों का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें संबंधित विभागों के अधिकारी- कर्मचारियों द्वारा जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में जन समस्याओं का निराकरण किया जा रहा है। इन शिविरों में पात्र लोगों को विभिन्न सरकारी योजना का लाभ देने के साथ ही विभिन्न प्रमाणपत्र भी बनाकर दिए जा रहे हैं।
चार जुलाई से शुरु इस विशेष अभियान के दौरान अब तक कुल 198 शिविरों का आयोजन किया जा चुका है, जिसमें मानसूनी सीजन के बावजूद 1 लाख 34 हजार 740 लोगों ने प्रतिभाग किया है। इस दौरान प्राप्त 23 हजार 219 जन शिकायतों में से 20 हजार 808 का मौके पर निस्तारण किया जा चुका है। जबकि 81 हजार 753 प्रतिभागियों को विभिन्न योजनाओं से लाभांवित किया गया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी लगातार इस बात पर जोर दे रहे हैं कि लोगों को जन समस्याओं के समाधान के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़े, बल्कि विभाग अधिकारी कर्मचारी खुद लोगों के पास पहुंच शिकायतों का निस्तारण करें। मुख्यमंत्री की इसी सोच को केंद्र में रखते हुए प्रदेश सरकार ने गत दिसंबर माह से 45 दिन का ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान शुरु किया था। दिसंबर माह में शुरु किए गए 45 दिन के ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान के तहत 681 शिविरों का आयोजन किया गया, जिसमें 5,33,452 नागरिकों ने प्रत्यक्ष तौर पर भागीदारी निभाई, यही नहीं इस दौरान करीब 33 हजार जन शिकायतों का त्वरित समाधान किया गया। इस अभियान को गवर्नेंस की बेस्ट प्रैक्टिस के रूप भी सराहा गया।

‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान के तहत प्रशासन स्वयं लोगों के बीच पहुंचकर उनकी शिकायतों का शीघ्र निस्तारण कर रहा है। साथ ही पात्र लाभार्थियों को विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ भी एक ही स्थान पर उपलब्ध कराया जा रहा है। हमारी सरकार सरलीकरण, समाधान और जनसंतुष्टि के संकल्प के साथ निरंतर जनता की सेवा में समर्पित है।
कृ पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री, उत्तराखंड
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खारबगड़ में भूस्खलन का कहर, घरों में घुसा मलबा


बागेश्वर । कपकोट तहसील का खारबगड़ गांव एक बार फिर भूस्खलन की चपेट में आ रहा है। लगातार हो रही भारी बारिश के कारण गांव के ऊपर की पहाड़ी दरकने लगी है।
पहाड़ी से आए मलबे ने कई घरों में प्रवेश कर लिया है, जिससे ग्रामीणों का जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। पूरे गांव में भय का माहौल है और लोग किसी बड़े हादसे की आशंका से दहशत में हैं।ग्रामीणों का कहना है कि बारिश के दौरान पहाड़ी से लगातार मलबा और पत्थर गिर रहे हैं। कई परिवार पूरी रात जागकर गुजार रहे हैं। लोगों को अपने घरों में रहना भी असुरक्षित लगने लगा है। ग्रामीण एसएस बड़ती ने बताया कि गांव के लोग लगातार डर के साये में जी रहे हैं। दरकती पहाड़ी से मलबा सीधे घरों तक पहुंच रहा है।उन्होंने शासन-प्रशासन से तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने, प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने और गांव का स्थायी समाधान निकालने की मांग की है।खारबगड़ गांव का भूस्खलन का संकट नया नहीं है। यह गांव लंबे समय से भू-कटाव और भूस्खलन की चपेट में है तथा यग्रामीणों ने जिलाधिकारी और आपदा प्रबंधन विभाग से गांव का तत्काल निरीक्षण कराने, प्रभावित परिवारों को राहत सामग्री उपलब्ध कराने, दरकती पहाड़ी का भू-वैज्ञानिक सर्वे कराने और स्थायी सुरक्षा कार्य शुरू करने की मांग की है।
उनका कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो लगातार हो रही बारिश के बीच बड़ा हादसा हो सकता है। इधर, उपजिलाधिकारी अनिल चन्याल ने कहा कि गांव का निरीक्षण किया जाएगा।यहां रहने वाले कई पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों ने बार-बार सुरक्षित स्थान पर विस्थापन की मांग उठाई है। इसके बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका।
आगे पढ़ेंकार की टक्कर लगने से कांवड खंडित,गुस्साए कांवडिए ने की कार में तोडफोड
रूड़की। शनिवार देर रात कांवड़ यात्रा के दौरान रुड़की के मंगलौर क्षेत्र में  हरिद्वार से गंगाजल लेकर लौट रहे एक शिवभक्त की कांवड़ को पीछे से आ रही कार ने टक्कर मार दी। टक्कर लगने से कांवड़ खंडित हो गई। इसके बाद मौके पर मौजूद कांवड़ियों में आक्रोश फैल गया और उन्होंने कार में जमकर तोड़फोड़ कर दी।मंगलौर कोतवाली क्षेत्र स्थित गोल्डन ढाबे के पास रात करीब नौ बजे कांवड़ियों ने कार को घेरकर उसके शीशे और अन्य हिस्सों को क्षतिग्रस्त कर दिया। वायरल वीडियो में कार पर डंडों से तोड़फोड़ दिख रही है।सूचना मिलते ही मंगलौर पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित किया। पुलिस ने क्षतिग्रस्त कार को अपने कब्जे में लेकर थाने भिजवा दिया। एसपी देहात शेखर चंद्र सुयाल ने बताया कि कार में तोड़फोड़ की घटना हुई है। मामले में एक कांवड़िये को हिरासत में लिया गया है।
पुलिस के पास पूरे घटनाक्रम की वीडियो फुटेज उपलब्ध है। घटना के संबंध में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है। फिलहाल क्षेत्र में स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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सड़क पर उतरे कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत, बरसात में खुलवाई बंद रोड
हल्द्वानी। नैनीताल-हल्द्वानी मार्ग पर वल्दियाखान के पास सड़क पर चीड़ का पेड़ गिरने से यातायात बाधित हो गया। संयोग से मौके से गुजर रहे कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत ने तुरंत प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को निर्देश देकर पेड़ हटाने की कार्रवाई शुरू कराई। उन्होंने यात्रियों से धैर्य रखने और जोखिम उठाकर पेड़ के नीचे से वाहन न निकालने की अपील भी की।

नैनीताल-हल्द्वानी राष्ट्रीय मार्ग पर रविवार दोपहर वल्दियाखान क्षेत्र में अचानक सड़क पर चीड़ का एक विशाल पेड़ गिर गया। जिससे मार्ग पूरी तरह अवरुद्ध हो गया। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। यात्री बीच रास्ते में फंस गए. इसी दौरान कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत मौके से गुजर रहे थे। स्थिति की गंभीर देखते हुए उन्होंने तत्काल जिला आपदा प्रबंधन, पुलिसकुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत ने मौके पर मौजूद यात्रियों से बातचीत कर उन्हें धैर्य बनाए रखने की अपील की। साथ ही भरोसा दिलाया कि राहत कार्य तेजी से चल रहा है। उन्होंने कहा जल्द ही मार्ग खोल दिया जाएगा। इस दौरान कुछ बाइक और दोपहिया वाहन चालक जोखिम उठाते हुए पेड़ के किनारे और नीचे से वाहन निकालने का प्रयास कर रहे थे। इसे देखते हुए आयुक्त ने स्वयं उन्हें रोकते हुए समझाया कि ऐसी जल्दबाजी किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।
उन्होंने सभी लोगों से अपील की कि आपदा या सड़क अवरुद्ध होने जैसी परिस्थितियों में प्रशासन के निर्देशों का पालन करें। किसी भी प्रकार का जोखिम न उठाएं। प्रशासन की त्वरित कार्रवाई के बाद पेड़ हटाने का कार्य शुरू कर दिया गया। जिससे मार्ग को जल्द यातायात के लिए खोलने की प्रक्रिया शुरू हुई। राहत की बात यह रही कि इस पूरी घटना में किसी भी व्यक्ति के हताहत होने या किसी प्रकार की जनहानि अथवा संपत्ति के नुकसान की सूचना नहीं है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बरसात के मौसम में पहाड़ी मार्गों पर अतिरिक्त सतर्कता बरतें। साथ ही किसी भी आपात स्थिति में प्रशासन के निर्देशों का पालन करें। और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों से फोन पर संपर्क किया। बिना समय गंवाए सड़क पर गिरे पेड़ को हटाकर यातायात जल्द से जल्द सुचारू करने के निर्देश दिए।
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पात्र व्यक्तियों को प्रधानमंत्री आवास योजना का हक दिलाने को मोर्चा ने भरी हुंकार #
नौकरी पेशा एवं दो-तीन मंजिला मकान वाले भी है सूची में शामिल!
विकासनगर- जन संघर्ष मोर्चा कार्यकर्ताओं ने मोर्चा अध्यक्ष अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी के नेतृत्व में तहसील घेराव कर प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ वास्तविक पात्र गरीबों को दिलाने, चयन सूची की गहन जांच कराने एवं तहसील स्तर पर इसकी निगरानी को लेकर जिलाधिकारी, देहरादून को संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी, विकासनगर श्री विनोद कुमार को सौपा | उप जिलाधिकारी ने सूची की जांच करा कर पात्र लोगों को योजना का लाभ दिलाने का भरोसा दिलाया| नेगी ने कहा कि उक्त आवास योजना के तहत विकासनगर ब्लॉक की सूची में कुछ पात्र लोगों के नाम काटे गए हैं वहीं इसके विपरीत सरकारी नौकरी पेशा वाले, उनके परिजन तथा दो-तीन मंजिला मकान वाले लोगों को सूची में शामिल किया गया है, जैसा कि सूत्र बताते हैं, जोकि सरकारी धन को ठिकाने लगाने जैसा है | हैरान करने वाली बात यह है कि साधन संपन्न लोगों ने अपने वास्तविक भवन न दर्शाकर पुराने टीन शैड ,गौशालाएं व पुराने खंडहर आदि दर्शाकर योजना में मिली भगत कर अपने नाम शामिल करवा लिए | उक्त पूरी सूची की जांच कराए जाने की जरूरत है, जिससे पात्र लोगों को उनका हक मिल सके | घेराव/प्रदर्शन में -आकाश पंवार ,विजय राम शर्मा, दिलबाग सिंह, के.सी चंदेल,आर पी भट्ट, अकरम सलमानी, टीकाराम उनियाल, भजन सिंह नेगी, महेंद्र सिंघल, हाजी असद, विनोद रावत, प्रवीण शर्मा पिन्नी,सलीम खान, इदरीश, सुरेशानंद बेलवाल, महेंद्र भंडारी, मुमताज, अनिल गौड, कारी शहजाद, प्रमोद शर्मा,ब्लॉक अध्यक्ष भीम सिंह बिष्ट, पीके गोस्वामी, सोमपाल,वाहिद कुरैशी, मुकेश पसपोला, मीडिया प्रभारी अतुल हांडा, विनय सजवान, सफीक पांडे,, जसकीरत सिंह, नाज़िर, नाहिद, विपिन भारद्वाज,मनीष नेगी, श्याम सिंह, परवेज, ऋषि पाल, जीशान, नरेश ठाकुर,परवीन, गुरु चरण सिंह,चौ.मामराज, साहिल, क्रिस्टीना,नाज़िर, रजनीश शर्मा,जयपाल सिंह, सलीम मिर्जा, सफीक पांडा ,जयपाल, संजय पटेल, इशरत व सुनील कुमार आदि मौजूद थे |
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https://youtu.be/myEvkW2wgt4?si=NDzZBxEwPEV_fw-e
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सीलिंग भूमि मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अवमानना से आमजन की नींद हराम- मोर्चा #अक्टूबर 1975 से पूर्व खरीदी गई भूमि है सीलिंग से मुक्त | #तहसील प्रशासन द्वारा उक्त भूमि की खरीद खरीद -फरोख्त पर भी लगा दी गई है रोक | #सरकार को हो रही भारी राजस्व की हानि | # पीड़ितों की लड़ाई लड़ेगा मोर्चा | विकासनगर- जन संघर्ष मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहा कि जनपद देहरादून के एनफील्ड ग्रांट, जमनीपुर, एटनबाग, ईस्ट होप टाउन,बदामावाला, अंबाडी, रायपुर, जीवनगढ़,कंडोली, कांवली, हरबंस वाला, मोहकमपुर खुर्द बंजारा वाला माफी, आर्केडिया ग्रांट, मलूका वाला, मिट्ठी बहेड़ी लाडपुर, नत्थनपुर आदि क्षेत्रों में चाय बागान सीलिंग भूमि के नाम पर भवन स्वामियों /काश्तकारों को जिला प्रशासन के माध्यम से जबरन शोषण किया जा रहा है, जबकि सीलिंग भूमि मामले में मा. सर्वोच्च न्यायालय द्वारा सिविल अपील संख्या 2697/ 1984 दिनांक 24/10/96 के द्वारा अपने आदेश में स्पष्ट किया गया था कि 10 अक्टूबर 1975 से पूर्व खरीदी गई भूमि के खरीदारों/ भवन स्वामियों को यूपी सीलिंग एक्ट की धारा 6 उपधारा 3 के तहत सीलिंग एक्ट से मुक्त रखा गया है | कुछ समय पूर्व जिला प्रशासन द्वारा उ. प्र. ग्रामीण सीलिंग आरोपण अधि. 6(1)घ व 6(2) के तहत दिनांक 12/7/ 2023 व 16/5/23 के माध्यम से तहसीलों को उक्त भूमि के क्रय- विक्रय पर रोक लगाने के निर्देश दिए गए थे, जिसके द्वारा तहसील प्रशासन द्वारा उन लोगों को भी परेशान किया जा रहा है, जिन्होंने 10 अक्टूबर 1975 से पूर्व जमीन खरीदी थी | इस आदेश की आड़ में भूमि की खरीद-फरोख्त व दाखिल खारिज पर भी रोक लगा दी गई है | इस आदेश के जरिए उन लोगों की भी नींद हराम कर दी गई है,जो इस परिधि में नहीं आ रहे हैं | उक्त फरमान स्पष्ट तौर पर मा. सर्वोच्च न्यायालय के आदेश की अवमानना है | होना तो ये चाहिए था कि सीलिंग प्राधिकारी /जिला प्रशासन को भूमि की वास्तविक विधिक स्थिति, खरीद का वर्ष, स्वामित्व तथा अधिनियम के प्रावधानों के अनुरूप निर्णय लेना चाहिए था, लेकिन जल्दबाजी में जिला प्रशासन द्वारा कदम उठाया गया, जोकि किसी भी सूरत में विधिक नहीं ठहराया जा सकता | काबिल-ए-गौर है कि अगर किसी व्यक्ति द्वारा मुख्य भूस्वामी, जो पूर्व में सीलिंग की जद में आ रहे थे, अगर उन भू स्वामियों द्वारा 10 अक्टूबर 1975 से पूर्व जमीन बेची गई एवं उस खरीदार द्वारा 1975 के बाद वह जमीन किसी अन्य व्यक्ति को बेच दी गई तो वह व्यक्ति भी सीलिंग एक्ट की आड़ में नहीं आ सकता यानी धारा 6 उपधारा 3 इसके आडे नहीं आएगी, लेकिन बगैर बैनामा/ रजिस्ट्री देखे व उनकी पड़ताल करे, आमजन को परेशान करना बहुत ही कष्टकारी है | मोर्चा ने यह भी स्पष्ट किया कि अगर कोई भूमि सीलिंग की जद में आ रही है तो उस पर जिला प्रशासन को कार्रवाई कार्यवाही करनी चाहिए| बिना जांचे परखे इस आदेश की जद में अधिवक्ताओं का भी शोषण हो रहा है तथा सरकार को भारी राजस्व की हानि हो रही है| मोर्चा इस मामले को बहुत जल्द जिला प्रशासन के समक्ष रखेगा एवं आमजन को राहत दिलाने का काम करेगा | पत्रकार वार्ता में -मोर्चा महासचिव आकाश पंवार व प्रवीण शर्मा पिन्नी मौजूद थे |
आगे पढ़ें*सेवा संकल्प फाउंडेशन द्वारा वृक्षारोपण एवं पौध वितरण कार्यक्रम*सेवा संकल्प फाउंडेशन द्वारा पर्यावरण संरक्षण एवं हरित भविष्य के उद्देश्य से आज 02 अगस्त 2026 को प्रातः 12:30 बजे दुर्गा मंदिर, गेंवली देवल, विकासखंड जाखणीधार में फाउंडेशन की *संस्थापक अध्यक्ष श्रीमती गीता धामी* द्वारा वृक्षारोपण एवं पौध वितरण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।

कार्यक्रम में फलदार, छायादार एवं औषधीय पौधों का रोपण एवं वितरण किया जाएगा। फाउंडेशन ने क्षेत्रवासियों से अधिक से अधिक संख्या में कार्यक्रम में शामिल होकर पर्यावरण संरक्षण में योगदान देने की अपील की है।